ram vilas vedanti statements over babri demolition put question mark on CBI probe
January, 20 2018 16:17

बाबरी विध्वंस: पूर्व BJP MP के नए बयान से CBI जांच पर सवालिया निशान!

Divyang Dixit

By: Divyang Dixit

Published on: शुक्र 21 अप्रैल 2017 12:49 अपराह्न

Uttar Pradesh News Portal : बाबरी विध्वंस: पूर्व BJP MP के नए बयान से CBI जांच पर सवालिया निशान!

उत्तर प्रदेश के अयोध्या में 6 दिसंबर 1992 को गिराए गए बाबरी मस्जिद के विवादित ढाँचे को गिराए जाने के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआई की याचिका पर भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, उमा भारती समेत विहिप के एक दर्जन नेताओं पर साजिश रचने का मुकदमा दर्ज करने की बात कही थी। जिसके बाद मामले में एक नया मोड़ आ गया है।

पूर्व भाजपा सांसद का विवादित बयान:

  • अयोध्या में 6 दिसंबर 1992 को गिराए गए विवादित ढांचा गिराया गया था।
  • मामले में सुप्रीम कोर्ट ने भाजपा नेताओं के खिलाफ साजिश का मुकदमा चलाने का आदेश दिया था।
  • वहीँ कोर्ट के फैसले के बाद भाजपा के पूर्व सांसद राम विलास वेदांती ने एक विवादित बयान दिया है।
  • साथ ही इस बयान ने पूरे मामले को एक नया मोड़ दे दिया है।
  • पूर्व सांसद ने कहा है कि, कार सेवकों ने मेरे और सिंघल के कहने पर विवादित ढांचे को तोड़ा था।
  • उन्होंने आगे कहा कि, चाहे मुझे फांसी हो जाये, मैं कहूँगा मैंने तोड़ा है, तुड़वाया है।

सीबीआई जांच सवालों के घेरे में:

  • पूर्व भाजपा सांसद राम विलास वेदांती के विवादित बयान ने बाबरी मस्जिद मामले को नया मोड़ दिया है।
  • साथ ही इस बयान ने सीबीआई जांच को भी घेरे में खड़ा कर दिया है।
  • ज्ञात हो कि, साजिश करने के लिए सीबीआई ने भाजपा के वरिष्ठ नेताओं पर आरोप लगाया है।
  • लेकिन राम विलास वेदांती के नाम का कहीं भी जिक्र नहीं है।
  • जिसके बाद सवाल यह उठता है कि, अगर सीबीआई को इसकी जानकारी नहीं थी तो आधी जानकारी के साथ याचिका क्यों दायर हुई?
  • और यदि सीबीआई को राम विलास वेदांती के बारे में पता था तो SC में उनका नाम क्यों नहीं दिया गया?
  • इसके साथ ही सीबीआई द्वारा की गयी जांच पर पूर्ण रूप से निष्पक्ष नहीं की गयी है।

क्या आडवाणी को बचाने का स्टंट है ये?:

  • बाबरी मस्जिद गिराए जाने के मामले में पूर्व भाजपा सांसद के बयान ने नया मोड़ ला दिया है।
  • वहीँ इस बयान का एक पहलू यह भी हो सकता है कि, भाजपा या आडवाणी की ओर से यह एक स्टंट हो।
  • ज्ञात हो कि, उमा भारती पहले ही कह चुकी हैं कि, मामले सब कुछ खुल्लम-खुल्ला हुआ था।
  • वहीँ आडवाणी भाजापा के वरिष्ठ नेता भी हैं।
  • फिलहाल मामले में आये इस नए मोड़ का सुप्रीम कोर्ट को संज्ञान लेना चाहिए।
  • इसके साथ ही सीबीआई की निष्पक्ष जांच भी भाजपा नेताओं के साथ शक के दायरे में आ गयी है।
Divyang Dixit

Journalist, Listener, Mother nature's son, progressive rock lover, Pedestrian, Proud Vegan, व्यंग्यकार

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