Home » दो दिन की बारिश में सड़कें हुई जमींदोज, प्रशासन बना मूक-दर्शक!
Uttar Pradesh Uttar Pradesh Live

दो दिन की बारिश में सड़कें हुई जमींदोज, प्रशासन बना मूक-दर्शक!

lucknow road collapse

प्रदेश की सरकार द्वारा गड्ढे मुक्त सड़क देने के आदेश को अधिकारी ठेंगा दिखा रहे है. राजधानी के कई इलाकों में बारिश होने पर विभागों का सच सामने आया रहा है. फज़ुल्लाह गंज में सड़कों का अस्तित्व ही नहीं है. सड़कें टूटी हुई और जलभराव से लोग परेशान है पर नगर निगम सुध नहीं ले रहा है. वही लोगों का कहना है की ना तो निगम के कर्मचारी आते हैं न ही विधायक .

[ultimate_gallery id=”87809″]

राजधानी में होने के बावजूद नहीं हुआ विकास:

  • निगम और अन्य जिम्मेदार विभागों की लापरवाही का खामियाजा पहली बारिश में देखने को मिल गया .
  • सपा से लेकर बीजेपी तक कई नेता आये पर नहीं हुआ विकास .
  • आश्वासन पर टिकी हुई है अभी तक उम्मीदें.
  • बारिश के चलते जलभराव होने से स्कूली बच्चों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है .
  • बीजेपी की सरकार बनने के बावजूद भी नहीं हो रही क्षेत्र की समस्यायों का निवारण .

यह भी पढ़े – राजनीतिकरण न करके पीड़ित परिवार की मदद करे :मनोज पांडेय

 

लखनऊ में कई जगह धसी रोड:

  • गोमतीनगर जैसा पॉश इलाका जहाँ पर मंत्रियो से लेकर आईएएस ,आइपीएस के घर है .
  • वहां पर भी जलभराव और रोड धसने से लोग परेशान हैं.
  • विराम खंड में कल धसी रोड पर निगम की नज़र अभी तक नहीं पड़ी .
  • वहीँ विकास नगर में भी बड़ा हिस्सा रोड का धस चुका है पर अभी ठीक नहीं किया गया .
  • रिंग रोड के किनारे धसी रोड को पिछले 1 साल से प्रशासन नहीं ठीक करवा पाया .

करोडो की लागत से बनी 1.8 किलोमीटर की रोड धसी

  • पहली बारिश में नयी बनी सडकों की पोल खुल के सामने आ गयी .
  • शनिवार को पहली बारी हुई जिसके बाद सड़क के धसने का सिलसिला जारी है .
  • कोबाल्ट स्टोन से निर्मित 35 करोड़ की लगत से बनी 1.8 किलोमीटर लम्बी रोड धस गयी .
  • मामले का संज्ञान बीजेपी मंत्री सुरेश पासी ने लिया .
  • साथ ही अधिकारियों को फटकार भी लगाई .
  • इस रोड का निर्माण PWD द्वारा कराया गया था.
  • साथ ही नोडल एजेंसी विकास प्राधिकरण को रखा गया था .
  • विभाग की लपर वही तब उजागर हुई जब रोड 12 जगह से धस गयी .

यह भी पढ़े – हाथों में शिक्षकों ने पकड़ाई झाड़ू, सर्व शिक्षा अभियान की खुली पोल

पहली बारिश में हुए जलभराव में फंसी थी बस:

  • शनिवार को शहर के लोगों को तब भुगतना पड़ा जब सबसे बड़ी घटना डालीगंज पुल के नीचे हुई।
  • जहां यात्रियों से भरी सरकारी बस पुल के नीचे हुए जलभराव में डूब गई।
  • बस में फंसे यात्रियों को लोगों ने सीढ़ी की मदद से खिड़कियों से निकाला गया था।
  • इस बीच बस में फंसे लोग चीख-पुकार मचाने लगे थे।
  • जिसे सुनकर आसपास के लोग मदद को आगे आए और बस में फंसे लोगों को बड़ी मुश्किल से बाहर निकाला।
  • महिलाएं डर के मारे कांपती नजर आईं थी।
  • बस के फंस जाने और लोगों को निकालने की जद्दोजहद के चलते इस मार्ग पर काफी लम्बा जाम लग गया था।
  • उधर, इस्लामिया कॉलेज के बगल में खंदारी बाजार के माता हिंगलाज देवी मार्ग पर लोगों के घरों में पानी भर गया।
  • यहां घरों में पानी भरने का कारण मेट्रो निर्माण कार्य को बताया जा रहा है।
  • सेंवेंथ डे स्कूल के बगल से जा रहे नाले को बंद कर देने की वजह से नाले का गंदा पानी ऊपर आ गया और लोगों के घरों के अंदर तक पानी भर गया।
  • इंदिरानगर के कई इलाकों में भारी जलभराव हो गया।
  • यहां मुख्य सड़कें और सर्विस लेन में भी पानी भर गया।
  • गुडम्बा, टेढ़ी पुलिया पर भी भारी जलभराव हो गया।
  • मुंशीपुलिया पर एक कार नाले में गिर गई जिसे क्रेन की मदद से निकलवाया गया।

तमाम दिक्कतों को राजधानी झेल रही है, पर सरकार और नगर निगम कोई भी ठोस कार्रवाई नहीं कर रहे हैं. नयी सड़कें बनवा कर मंत्रियों और विधायक सिर्फ फोटो खिचवाने तक सीमित रह गये है . सच जानने की कोशिश नहीं करते आखिर विभाग द्वारा निर्माण करायी गयी सड़क सही से बनी है या नही. वही इसका परिणाम जनता को भुगतना पड़ता है .

यह भी पड़े – ‘तूने मैसेज नहीं पढ़ा और खाता में रुपये भी नहीं डाले’

UTTAR PRADESH NEWS की अन्य न्यूज पढऩे के लिए Facebook और Twitter पर फॉलो करें

Related posts

कल से शुरू होगा केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी का दो दिवसीय अमेठी दौरा!

Mohammad Zahid

शहीद जयद्रथ के परिजनों को सरकार ने दी आर्थिक मदद!

Divyang Dixit

योगी सरकार ने पिछड़ों के बजट में कटौती की- रामगोविंद!

Kamal Tiwari