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Category : व्यंग्य

हास्य-व्यंग्य (vyangya) की शिखर कविताएँ हिन्दी में हास्य-व्यंग्य कविताओं का उदय मुख्यतः स्वतंत्रता के बाद हुआ।

व्यंग्यात्मक कविता, हास्य व्यंग्य कविता

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व्यंग : ‘ललकारते नक्सली’

Nisha Tiwari
‘ललकारते नक्सली’ ————— ललकारते नक्सली । हिम्मत बढ़ती जाये ।। कब होगा सफ़ाया ? हम ना जान पाये ।। बढ़ता उनका हौसला । कार्रवाई का
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व्यंग्य : माँ गंगा ने बुलाया…

Nisha Tiwari
गंगा ने बुलाया । बेटा दौड़ा आया ।। साफ-सफ़ाई लचर । गंदगी का साया । बदहाली क़ायम । हुआ ना सुधार ।। कर दिये वादे
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व्यंग : उद्घाटन पर द्वंद…

Nisha Tiwari
झगड़े लगातार । हल्लाबोल बुलंद ।। दिल्ली की सियासत । उद्घाटन पर द्वंद ।। हाथापाई-मारपीट । अजब है कहानी ।। श्रेय को लेकर । जंग
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Statue of Unity : टूट गया रिकॉर्ड…

Nisha Tiwari
टूट गया रिकॉर्ड । गर्व की है बात ।। धराशायी चायना । अमरीका अनाथ ।। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी । सरदार को नमन् ।। दुनियाभर में